संवाददाता - के.के. शर्मा
बीकानेर, १ अगस्त। चुनावी घोषणा-पत्र में जनता से किये गये वादों को चार वर्ष के शासन के बाद भी पूरा नहीं करने वाली वसुन्धरा के नेतृत्व वाली सरकार हर मोर्चे पर विफल रही है। केन्द्रीय वक्फ बोर्ड के सदस्य महिर आजाद ने ये उदगार सर्किट हाऊस में आज पत्रकारों के समक्ष कहे।
वसु सरकार पर वादा खिलाफी कर जनता के हितों के साथ खिलवाड करने का आरोप लगाते हुए उन्होने कहा कि प्रतिवर्ष १ लाख लोगों को रोजगार देने, बिजली उत्पादन बढाने, ग्रामीण क्षेत्रों में किसानों बिना कटौती किये, तथा उपभोक्ताओं को सस्ती दरों पर बिजली देने, कानून व्यवस्था में सुधार लाने जैसे वादे इस सरकार ने किये थे। लेकिन ४ वर्ष के शासन काल के बाद मात्र ३७ हजार शिक्षकों की भर्ती हुई है। ग्रामीण क्षेत्रों में सिंगल फेस की बिजली भी पूरे समय नही दी जा रही है। उद्योगों पर भी शत-प्रतिशत कटौती की जा रही है। जो बिजली दी जा रही है वह भी महंगे दामों में दी जा रही है। कानून व्यवस्था बिल्कुल लाचार है। दिन-प्रतिदिन अपराधों में बढोतरी हो रही है। महिलाओं पर अत्याचार होने के मामले में राज्य पहले स्थान पर आ गया है। पानी बिजली की मांग करने वाले किसानों को लाठी गोली दी जा रही है। पुलिस की गोलियां से ५० वर्षो में जितने लोग नहीं मरे उतने इस सरकार के चार वर्षों शासन काल में मारे गये है। आबकारी नीति पर वार करते हुए आजाद ने व्यंग्य कसते हुए कहा कि राज्य सरकार ने शराब की दुकाने खोलने में र्कीतीमान स्थापित किया है। सरकार पर अल्पसंख्यकों की अनदेखी करने का आरोप लगाते हुए उन्होंने कहा कि राज्य में अल्पसंख्यकों के हितों के लिए ६ संगठन कार्यशील है लेकिन सरकार ने आज तक एक भी संगठन की सिफारिशें नही मानी है। मदरसा बोर्ड में सदस्यों की नियुक्ति नही की गई है। मदरसों में पैराटीचर्स भी नही लगाये जा रहे है। उर्दु अध्यापकों के १३६८ पद रिक्त पडे है। राज्य में अल्पसंख्यक वित्त विकास आयोग और अल्पसंख्यक कल्याण मंत्रालय का गठन भी नहीं किया गया है। प्रदेश की भाजपा सरकार से सभी वर्ग आहत हुए है। उनके अनुसार आगामी विधानसभा चुनावों में कांग्रेस बहुमत प्राप्त करेगी।