बीकानेर शिवरंजनी कला संस्थान S.S.P. इंग्लिश मीडीयम स्कूल के संयुक्त तत्वधान में चल रहे समर स्कूल का समापन समारोह रंगारंग सांस्कृतिक कार्यक्रमों के साथ हुआ। समापन समारोह में शुरूआत आत्मरक्षा की तकनीक कराटे के प्रभावी प्रदर्शन के साथ हुई, वहीं राजस्थानी, पंजाबी व पाश्चात्य धुनों पर थिरकते हुए शिविरार्थियों ने दर्शकों को मंत्रमुग्ध कर दिया। कोरियोलाफा अजय एवं इन्दुमल बिस्सा के प्रभावी नृत्य निर्देशन में कालबेलिया भंवई मोरिया और होलिया में उडे रे गुलाल जैसे लोकनृत्यों ने राजस्थानी लोक संस्कृति को साकार किया। वहीं बचना ए हसीनो, मुकाबला, चल छैया छैया गीतों पर प्रभावी नृत्यों ने खूब तालियां बटोरी संवाद में भाषा की महता ओर प्रभावी प्रस्तुतिकरण का प्रदर्शन अग्रजी में छात्रों द्वारा किया गया तो सभी ने दाद दी। महिला उधमिता ओर रोजगोरोन्मुखी पाठयक्रम के तहत मेंहदी ब्यूटी कल्चर फलावर में किंग, सॉफट टॉयज में किंग में युवतियों के द्वारा सीखें गए उत्पादो की प्रदर्शनी भी लगाई गई। जिसे अतिथियों और दर्शकों ने खूब सराहा, शिविर संयोजक ज्योतिप्रकाश रंगा ने जानकारी देते हुए बताया कि समापन समारोह में मुख्य अतिथि महिला एवं बाल विकास विभाग के उपनिदेशक मनमोहन व्यास ने इस अभिरूचि शिविर को महत्वपूर्ण बताते हुए व्यक्तित्व निमार्ण की सशक्त प्रकि्रया बताया, उन्होने कहा कि पढाई के साथ पद मोर्गिंग और व्यक्ति के आत्मविश्वास को बढाती हैं। कार्यक्रम के विशिष्ट अतिथि होलसेल भण्डार के चेयरमेन सुरेन्द्र व्यास ने कहा कि शिविर में महिलाओं और युवतियों की अत्यधिक सहभागिता ने ये अहसास करा दिया हैं, कि अब शहर के अन्दरूनी इलाकों में रहने वाली महिलाऐं आत्मनिर्भरता और स्वावलंबन के प्रति सचेत हो गई हैं। बैंक एम्पलाइज यूनियन नेता कॉमरेड ल्ण्ज्ञण् शर्मा योगी ने कहा कि महानगरों की तर्ज पर शहर में आयोजित हो रहे अभिरूचि शिविर रोजगार निमार्ण के क्षैत्र में विपुल संभावनाए जगा रहे, ऐसे शिविरों से शहर की संवेदना ओर लोक संस्कृतिक के अनेक रूप देखने को मिलते हैं, खासतौर से वैश्वीकरण के इस दौर में बच्चे परिपक्व हो रहे हैं। और दुनिया के चाल ढाल को समझने में सीखने में इस तरह के शिविर उपयेगी बन रहे हैं। कार्यक्रम में भाजपा नेता एडवोकेट ओम आचार्य ने कहा कि आज के दौर में बहुआयामी व्यक्ति ही सफल कहलाता हैं। ऐसे अभिरूची शिविरों में व्यक्ति के सर्वांगीण का विकास होता हैं। और ऐसे कार्यक्रम व्यक्ति का आत्मविश्वास भी बढाते हैं। कार्यक्रम के शुरूआत में सादुल पुष्करणा स्कुल के प्राचार्य खुशाल चन्द्र रंगा ने अतिथियों का स्वागत किया। वहीं स्कूल के व्यवस्थापक मनमोहन जोसी ने विधालय में संचालित गतिविधियों की जानकारी दी, आगन्तुओं का धन्यवाद पुष्करणा स्कूल के प्रबंध कार्यकरिणी के कोषाघ्यक्ष गोपाल आचार्य द्वारा व्यक्त किया गया। समारोह में सर्वश्रेष्ठ विद्यार्थि को भी अवार्ड दिया गया।