जयपुर, ७ अक्टूबर। चिकित्सा एवं स्वास्थ्य मंत्री डॉ. दिगम्बर सिंह ने कहा है कि राज्य सरकार ने चिकित्सा सेवाओं का विस्तार कर गरीब की झोंपडी तक चिकित्सा सेवाएं मुहैय्या कराने के सार्थक प्रयास किये हैं। उन्होंने बताया कि राज्य में विगत चार वर्षों में ९२० नये चिकित्सा संस्थान खोले गये हैं।
डॉ. सिंह रविवार को यहंा महावीर इन्टरनेशनल, जयपुर द्वारा संचालित ’’लेडीज हैल्थ एण्ड अवेयरनेस सेंटर’’ का उद्घाटन करने के बाद उपस्थित लोगों को सम्बोधित कर रहे थे।
उन्होंने कहा कि राज्य की भौगोलिक परिस्थितियों के कारण सभी को गुणवत्तापूर्ण चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराना चुनौतीपूर्ण कार्य है। डॉ. सिंह ने बताया कि दूर-दराज के ग्रामीण क्षेत्र में चिकित्सा सेवा सुलभ कराने के लिए ५२ मोबाइल मेडिकल यूनिट्स तैयार कराई जा रही हैं। इससे गरीब को अपनी झोपडी में चिकित्सकों की सेवा के साथ एक्सरे एवं अन्य जांच आदि की सेवा निःशुल्क उपलब्ध हो सकेगी।
चिकित्सा मंत्री ने कहा कि गरीबों को गुणवत्तापूर्ण चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराने के काम में समाज सेवी संस्थाएं आगे आती हैं तो उन्हें राज्य सरकार की ओर से हर सम्भव सहायता उपलब्ध कराई जाएगी। उन्होंने बताया कि महावीर इन्टरनेशनल की बाडमेर शाखा को हाल ही में नर्सिंग प्रशिक्षण केन्द्र स्वीकृत किया गया है। इस संस्था को राज्य सरकार ३ एकड जमीन एवं १० लाख रुपये की सहायता सुलभ करायेगी।
डॉ. सिंह ने बताया कि ग्रामीण क्षेत्र के लोगों क विशेषज्ञ चिकित्सकों की सेवाएं जिला मुख्यालय पर उपलब्ध कराने के लिए सभी जिला अस्पतालों को मेडिकल कॉलेज से सम्बद्ध अस्पतालों से टेली-मेडिसन के माध्यम से जोडा जा चुका है।
उन्होंने बताया कि राज्य के सभी संभाग मुख्यालयों पर चल शल्य चिकित्सा इकाई स्थापित की जा रही है जिससे ग्रामीण क्षेत्रों में गम्भीर शल्य चिकित्सा हेतु सेवाएं उपलब्ध हो सकेगी। ग्रामीण क्षेत्र के ३४ स्वास्थ्य केन्द्रो पर एक ए.एन.एम. को अतिरिक्त रूप से पदस्थापित किया जा रहा है।
डॉ. सिंह ने इस अवसर पर महावीर इन्टरनेशनल की ओर से महिलाओं की स्वास्थ्य सम्बन्धी जांच के ’’हैल्थ कार्ड‘‘ भी वितरित किये। प्रारम्भ में संस्थान के अध्यक्ष श्री उमरावमल चोरडया ने अपने स्वागत भाषण में संस्थान की गतिविधियों पर प्रकाश डाला।
इस अवसर पर अमर जैन चिकित्सालय के महामंत्री श्री पदमचन्द ढढ्ढा ने अमर जैन चिकित्सालय द्वारा समाज की सेवा पर किये जा रहे कार्यों की जानकारी दी। अंत में संस्था के पूर्व अध्यक्ष श्री पाना चन्द जैन ने धन्यवाद ज्ञापित किया।