बीकानेर, राज्य सरकार के आदेशों के अनुसार सभी शराब की दूकानें रात ग्यारह बजे के बाद ब्रिकी नहीं करेगी। वही धार्मिक स्थलों एवं सार्वजनिक स्थलों पर शराब पीनें पर पाबंदी है लेकिन इन सभी नियमों की ताक में रखकर शहर के कई ऐसे इलाके है। जहां शराब की दूकानें रात आठ बजें के बाद खुली रहती है। जानकारी के अनुसार शहर के बाहर जो कॉलोनियां बनी हुई है वहां स्थित शराब की दूकानों पर चोरी छिपें शराब बिक्री की जाती है। जहां एक और पुलिस प्रशासन इनकों रोकने के लम्बे-लम्बें दांवे ठोक रही है। वही दूसरी और शराब व भु-माफियां सभी नियम की धज्जीयां उडाकर अपना व्यवसाय कर रहे है इनकों रोकनें के लिए पुलिस प्रशासन पूरी तरह नापाक है। धार्मिक स्थलों पर असामाजिक तत्व के द्वारा शराब के जाम खुले आम उडाये जाते है। जानकारी में यह भी मालूम हुआ है कि असामाजिक तत्व के द्वारा शराब पीकर कई बडे मंदिरो के आस-पास बैठ जाते है साथ ही गाली गलौच असभ्य भाषा का प्रयोग करते है। जिससे मंदिरो में आने वाले दर्शनाथीयों को काफी परेशानीयों सामना करना पडता है। सबसे ज्यादा परेशान शाम को आने वाली महिंलाओं को होना पडता है उनकों हर समय भय सा लगा रहता है लेकिन शहर भर में गश्त कर पुलिस की नजर इन पर नहीं पडती है। जिसकें कारण इन शराबीयों के हौंसलें और भी बुलन्द होते जा रहे है। दिनों-दिन शहर में अपराधिक घटनाओं से शहर में हर समय दहशत बनी रहती है शराब पीनें के बाद सडक पर चलने वाले राहगीरों को परेशान किया जाता है। कभी-कभी यह झगडे पर ऊतारू हो जाते है। अगर समय पर इन कोई उचित कार्यवाही नहीं हुई तो आने वाले कुछ समय में रात को बाहर से आने वाले राहगीर अपने आपको सुरक्षित नहीं समझ सकते, जहां एक और मेगा हाईवें पर तस्करी से लाई गई शराब को पकड कर अपना कार्य पूर्ण समझती है। लेकिन जब पुलिस के द्वारा ही पकडी गई शराब अपने कर्मचारीयों को बांट दी जाये तो आमजन को परेशान करने वाले असामाजिक तत्व को कौन पकडेगा। कभी-कभी यह देखा जाता है कि पुलिस के द्वारा पकडी गई तस्करी शराब के सही आकडे भी प्रदर्शित नहीं किये जाते है। राज्य से भारी मात्रा में शराब तस्करों द्वारा राजस्थान के कई जिलों में शराब भेजी जाती है लेकिन ऐसा माना जा रहा है। राजस्थान के गंगानगर, हनुमानगढ, बीकानेर होते हुये भारी मात्रा में तस्करी शराब अन्य जिलों में सप्लाई होती है। लेकिन आबकारी विभाग व पुलिस प्रशासन को इनकी भनक तक नहीं लगती है। इस लापरवाही के कारण शराब तस्करों के हौंसले बुलन्द होते जा रहे है।