प्रभारी सचिव ने ली जिले में समीक्षा बैठक 8 Nov
2007
प्रभारी सचिव राजेन्द्र भाणावत ने समस्त अधिकारियों को निर्देश दिए है कि विभिन्न योजनाओं में सरकार द्वारा आवंटित राशि का अपव्यय न हो व पात्र लोगों को इसका अपेक्षित लाभ प्राप्त हो।
डूंगरपुर ८ नवंबर/ प्रभारी सचिव राजेन्द्र भाणावत ने समस्त अधिकारियों को निर्देश दिए है कि विभिन्न योजनाओं में सरकार द्वारा आवंटित राशि का अपव्यय न हो व पात्र लोगों को इसका अपेक्षित लाभ प्राप्त हो।
वे स्थानीय जिला परिषद सभागार में जिले के समस्त अधिकारियों की समीक्षा बैठक को संबोधित कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि सरकार की मंशाओं के अनुरूप लोक कल्याणकारी योजनाओं के लिए आवंटित राशि का पूरा-पूरा समयानुरूप उपयोग हो और इसकी प्रभावी मॉनिटरिंग भी होवें।
बैठक के आरंभ में जिला कलक्टर नीरज के. पवन ने प्रभारी सचिव का स्वागत किया। प्रभारी सचिव ने जन स्वास्थ्य एवं अभियांत्रिकी विभाग के कार्यों की समीक्षा करते हुए जिले में हेण्डपम्पों की आवश्यकता एवं स्थिति के बारे में जानकारी ली। उन्होंने इस संबंध में निर्देशित किया कि जिले में खराब पानी के हेण्डपम्पों को चिहि्नत कर वस्तुस्थिति से अवगत करावें।
सिंचाई विभागीय गतिविधियों की समीक्षा में प्रभारी सचिव जिले में अवस्थित बांधों की स्थिति, जल भराव क्षमता एवं जल संग्रहण के संबंध में जानकारी ली। उन्होंने बोर का भाटडा बांध के निर्माण कार्य को तत्काल प्रभाव से प्रारंभ करने के भी निर्देश दिए।
प्रभारी सचिव ने जिला पुलिस अधीक्षक से सडक दुर्धटनाओं, ओवरेलोडेड व अवैध वाहनों की रोकथाम के प्रयासों के बारे में जानकारी ली। पुलिस अधीक्षक विजेन्द्र झाला ने बताया कि वर्ष २००६ में २६४० चालान बनाए गए वहीं २००७ में ४२०० चालानों के माध्यम से १३ लाख रूपए वसूले गए। झाला ने दुर्घटनाओंं व अवैध वाहनों के संचालन रोकने के लिए सडकों की मरम्मत, रोडवेज बसों की पर्याप्त संख्या और ड्राइविंग लाइसेंस जारी करने में मानदण्डों के सख्ती से पालन करने के सुझाव दिये।
प्रभारी सचिव ने जिला परिवहन अधिकारी को निर्देशित किया कि परमिटशुदा वाहनों का परमिट अनुसार निर्धारित रूट पर ही चलना सुनिश्चित करते हुए अवैध वाहनों के संचालन पर रोकथाम करें। जिला कलक्टर ने इस संबंध रोडवेज बसों को बढाने पर बल दिया और सडकों पर विभिन्न कारणों से बढती दुर्घटनाओं को रोकने के उद्देश्य से प्रस्तावित ट्राइबल ट्रांसपोर्ट सिस्टम के बारे में प्रभारी सचिव को जानकारी प्रदान की। जनजाति क्षेत्रीय विकास परियोजना अधिकारी टी आर जोशी ने बताया कि इस हेतु योजनान्तर्गत एक प्रस्ताव राज्य सरकार के पास विचाराधीन है।
प्रभारी सचिव ने जिले में मिड डे मिल योजना की क्रियान्विति एवं प्रगति संबंधी जानकारी ली। उन्होंने जिला शिक्षा अधिकारी माध्यमिक से पन्नाधाय जीवन अमृत योजना, निःशुल्क साईकिल वितरण एवं विद्यार्थी मित्र योजना के संबंध में जानकारी लेकर आवश्यक दिशा निर्देश प्रदान किए।
प्रभारी सचिव ने जिले के बेणेश्वर धाम के विकास के बारे में चर्चा करते हुए कहा कि इस संबंध में एक मास्टर प्लान अपेक्षित है। इस पर जिला कलक्टर ने उन्हें अवगत कराया कि बेणेश्वर धाम के विकास के बारे में एक प्लान उन्होंने अहमदाबाद के एक प्रसिद्ध आर्किटेक्ट के माध्यम से तैयार करवाया है। प्रभारी सचिव ने साबला से बेणेश्वर तक जाने वाली सडक को चौडा किये जाने संबंधी प्रस्ताव तैयार करने के निर्देश लोक निर्माण विभाग को दिये। उन्होंने चिकित्सालय भवन को योजनानुरूप बनवाने के भी निर्देश दिए। चिकित्सा विभागीय समीक्षा दौरान प्रभारी सचिव ने सामान्य चिकित्सालय डूंगरपुर में अपेक्षित साफ सफाई करवाने, पीडब्ल्यूडी को बिजली मरम्मत कार्य करवाने और अन्य पेन्डिग कार्य शीघ्र करवाने के निर्देश दिए। रोजगार गारंटी योजना की समीक्षा दौरान जिला कलक्टर पवन ने बताया कि जिले में योजना के तहत आवंटित १६६ करोड रूपये की राशि में से १५३ करोड रूपये खर्च कर दिए गए है और १७२ लाख मानव दिवस सृजित कर दिए गए हैं।
स्वायत्त शासन विभागीय समीक्षा दौरान प्रभारी सचिव ने बिना वर्क ऑर्डर के पेवर सडक निर्माण के बारे में पूछे जाने पर अधिशासी अधिकारी दिनेशचंद्र शर्मा ने कहा कि वर्क ऑर्डर जारी नहीं किए गए हैं तथा संबंधित ठेकेदार द्वारा बिना पूछे सडक निर्माण कार्य कर दिया गया है। इस संबंध में अधिशासी अभियंता राजकुमार सिंह ने इसके लिए पूर्व में हुई टेण्डर प्रक्रिया के बारे में प्रभारी सचिव को अवगत कराया।
इस अवसर पर जिला पुलिस अधीक्षक विजेन्द्र झाला, जनजाति क्षेत्रीय विकास परियोजना अधिकारी टी आर जोशी, समस्त उपखण्ड अधिकारी, जिला परिषद के अतिरिक्त मुख्य कार्यकारी अधिकारी बी एल राव, रोजगार गारण्टी योजना के समस्त कार्यक्रम अधिकारी एवं विभिन्न विभागों के अधिकारी उपस्थित थे। शिक्षकों के खिलाफ कार्यवाही पर जताया असंतोष
बैठक में प्रभारी सचिव ने जिले में विगत दिनों विभिन्न निरीक्षण के दौरान अनियमित व अनुपस्थित पाए गए शिक्षकों के विरूद्ध की गई कार्यवाही के बारे में जानकारी चाही। जिला शिक्षा अधिकारी शांतिलाल खराडी द्वारा शिक्षकों को पाबन्द किये जाने के बारे में जानकारी दी गई। प्रभारी सचिव ने इसे अपर्याप्त बताया। प्रभारी सचिव व जिला कलक्टर दोनों ने जिला शिक्षा अधिकारी को उक्त प्रकरणों पर पुनः कार्यवाही अमल में लाते हुए सख्त कार्यवाही प्रस्तावित करने के निर्देश दिये। इसी प्रकार उन्होंने मिड-डे-मिल वितरण में लापरवाही बरतने पर भी सख्त कार्यवाही करने को कहा। ज्वाईन किया या नहीं.
चिकित्सा विभागीय समीक्षा दौरान प्रभारी सचिव भाणावत द्वारा गत बैठक में दिए गए निर्देशों की अनुपालना पूछे जाने पर सीएमएचओ डॉ. बीएल पारगी ने बताया कि कार्यालय में प्रतिनियुक्त वरिष्ठ लिपिक रामलाल ननोमा को पुनः मूल पदस्थापन के लिए कार्यमुक्त कर दिया गया है तो प्रभारी सचिव ने पूरक प्रश्न किया कि आपने कार्यमुक्त कर दिया परंतु संबंधित ने मूल पदस्थापन पर ज्वाईन किया या नहीं तो पारगी ने हाँ में जवाब दिया। इसी प्रकार प्रभारी सचिव के निर्देशों पर डॉ. पारगी ने पोहरी खातुरात पीएचसी को नवनिर्मित भवन में शिफ्ट कर दिए जाने की जानकारी दी और बताया कि डूंगरसारण पीएचसी भवन में सप्ताह भर में शिफ्ट कर लिया जाएगा।