पुलिस विभाग द्वारा चलाई जा रही उत्कर्ष विद्यार्थी योजना श्रेष्ठ प्रयास - गृह मंत्री
10 Feb
2008
मुख्यमंत्री की योजनाओं ने जगाई है बालिकाओं में भविष्य सँवारने की आस
बांसवाडा, 10 फरवरी/ सब खूब पढो-लिखो और फिर देखो कैसे मिलती है सबको नौकरियां। शिक्षा में पढने और लिखने का बडा महत्त्व है। यदि आप लिखना और पढना सीख जाएंगे तो समझ लो शिक्षा की अलख जगा पाएंगे।
उक्त आह्वान गृहमंत्री गुलाबचंद कटारिया ने रविवार को जिला पुलिस द्वारा बांसवाडा के छात्रावास में चलाई जा रही विद्यार्थी उत्कर्ष योजना के तहत ग्रामीण क्षेत्रों से लाई गई छात्राओं को संबोधित करते हुए किया। इस अवसर पर गृहमंत्री कटारिया, राज्यमंत्री भवानी जोशी एवं क्षेत्रीय सांसद धनसिंह रावत ने बालिकाओं को कॉपियां भेंट की।
गृहमंत्री कटारिया ने बालिकाओं की हौसला आफजाई करते हुए कहा कि वे खुद भी तालीम देने के काम से जुडे रहे हैं। लिखावट पर विशेष ध्यान देने पर जोर देते हुए गृह मंत्री ने कहा कि हस्तलिपि अच्छी हो तो जाँचने वाले का दुःख कम हो जाता है। उन्होंने छात्राओं से सवाल किया कि अच्छे या कम नंबर आने पर वे क्या महसूस करते हैं। इस पर छात्राओं ने कहा कि ग्रामीण क्षेत्र में रहकर हम पढाई नहीं कर पाते थे लेकिन जब से हमें यहां लाया गया है और शिक्षा दी जा रही है, हमारे हौसले दुगने होते जा रहे हैं।
कटारिया ने उनसे पूछा कि वे मुख्यमंत्री की योजनाओं के बारे में जानती है कि 75 फीसदी से अधिक अंक अर्जित करने पर स्कूटी मिलेगी, तो छात्राओं ने विश्वास और उत्साह से जवाब दिया कि वे सभी इसी प्रयास में हैं कि वे अगले वर्ष उनके हाथों में स्कूटी हो। कटारिया ने विभिन्न विषय अध्यापकों के बारे में भी छात्राओं से जानकारी ली।
उन्होंने पुलिस अधीक्षक कन्हैयालाल बैरवा के इस प्रयास की मुक्त कण्ठ से सराहना करते हुए कहा- ‘‘अच्छा है एसपी साहब आपका प्रयास बहुत अच्छा है।’’ इस अवसर पर पुलिस अधीक्षक कन्हैयालाल बैरवा ने बताया कि यह सभी छात्राएं वे हैं जो गत वर्ष असफल रही थी। अब विभाग प्रयास यही कर रहा है कि ये छात्राएँ सफलताओं के परचम लेकर अन्य ग्रामीणों को भी शिक्षा का संदेश दें।
इस अवसर पर चिकित्सा एवं स्वास्थ्य राज्यमंत्री भवानी जोशी, क्षेत्रीय सांसद धनसिंह रावत, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक जगराम मीणा सहित पुलिस एवं प्रशासन के अनेक अधिकारी एवं गणमान्य लोग उपस्थित थे।
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