बीकानेर हैण्डीक्राफ्ट के कारीगरों के लिए जिला प्रशासन आर्टीजन हब बनाने की तैयारी कर रहा है। जिसके लिए निर्माण कार्य शुरू हो चुका है। इसमें दस्तकारों को अपनी कला के मुताबिक बाजार उपलब्ध हो सकेगा। जिले में इस तरह का पहला बाजार जूनागढ के सामने बनाया जा रहा है। इसके लिए नगर विकास न्यास ने करीब 1 करोड 30 लाख रूपये स्वीक्रत किये है। इस सम्बंध में जिला उद्योग केन्द्र के महाप्रबंधक आर.एस अवस्थी ने बताया कि आर्टीजन हब का निर्माण कलात्मक शैली को ध्यान में रखकर किया जा रहा है। आर्टीजन हब के निर्माण में नक्काशी किया हुआ पत्थर काम में लिए जा रहा है। अगले साल तक इन दुकानो का आवंटन भी शुरू का दिया जाएगा। 250 स्क्वायर फीट के हिसाब से बनने वाली इन दुकानों का किराया करीब 5000 रूपये मासिक होगा। अवस्थी ने बताया कि दुकानों के आवंटन के लिए एक रोटेशन प्रणाली बनाई जायेगी जिसके तहत एक एक वर्ष के लिए दस्तकारों को दुकानें किराये पर उपलब्ध होगी। आर्टीजन हब मे केवल उत्पादों की बिक्री नही की जाएगी। बल्कि इन दुकानों में हस्तशिल्पी अपने उत्पादों को बना भी सकेंगे। अवस्थी ने बताया कि प्रर्यटकों को इस बाजार से सीधा जोडा जाएगा इसके लिए उत्पादों का निर्माण भी वही पर करवाया जाएगा जिससे प्रर्यटक इन उत्पादों को बनाने की प्रकि्रया देख सकें। जिसमें मीनाकारी, उस्ता पेंटिंग, दुलमेरा पत्थर पर नक्काशी, बंधेज, कशीदाकारी, छपाई आदि से पर्यटक रूबरू हो सकेंगे। लेकिन जिले में सबसे ज्यादा कपडे पर कशीदाकारी करने का काम है। जिले में लगभग 7 हजार दस्तकार है। वही हैण्डलूम का काम करने वाले दस्तकारों की संख्या भी लगभग 5 हजार है। वर्तमान में बीकानेर में कोई ऐसा बाजार नही है। जिससे कि यह अपना उत्पाद बेच सकें इसके लिए इन्हें हैण्डीक्राफ्ट उत्पादों को बेचने के लिए दूसरे जिलों व राज्यों में भेजा जाता है। मगर आर्टीजन हब बनने के बाद दस्तकारों को अपना खुद का एक बाजार उपलब्ध हो जाएगा।
बीकानेर में हैण्डीक्राफ्ट और दस्तकारों की संख्या
हैण्डीक्राफ्ट दस्तकारों
केमिल हाईड पर पेंटिेग 100 से150
पत्थर पर नक्काशी का कार्य 20 से 25
चांदी पर नक्काशी का कार्य 200 से 250
बंधेज कार्य 120 से 250
लाख मीनाकारी 50 से 75
कशीदाकारी 5000 से 7500
हैण्डलूम सूती एंव ऊनी 3000 से 4000
मिट्ठी व सिरेमिक 50 से 75