चिकित्सा एवं स्वास्थ्य राज्यमंत्री जोशी ने स्पष्ट एवं सख्त निर्देश दिए कि जिले में तालाबों की मरम्मत का काम आपदा प्रबन्धन के अन्तर्गत माही परियोजना व जलसंसाधन विभाग द्वारा कराया जाएगा, चाहे तालाब किसी भी एजेंसी के क्यों न हों। वर्षाकाल में नितान्त आवश्यकता और प्राथमिकता को देखते हुए यह कार्य इन दोनों विभागों की जिम्मेदारी है।
जिला कलक्टर ने इन दोनों विभागों के अधिकारियों से कहा कि वे आपदा प्रबन्धन कार्यों में किसी भी प्रकार की कोताही न बरतें और न ही धन की चिन्ता करें। जन-धन और संसाधनों की सुरक्षा हमारा प्राथमिक दायित्व है और इसे जल्द से जल्द पूरा किया जाना चाहिए। इसमें किसी भी प्रकार की ढिलाई बरतने वाले अधिकारियों को उन्होंने साफ तौर पर चेताया भी।
हवाई पट्टी पर ही चिकित्सा एवं स्वास्थ्य राज्यमंत्राी भवानी जोशी तथा जिला कलक्टर विकास एस. भाले ने अधिकारियों को अतिवृष्टि से प्रभावित इलाकों में व्यापक ध्यान देने और सभी नियंत्र ाण कक्षों को दिन-रात पूर्ण सक्रिय रखने, फोन, मोबाइल सेवाओं को अहर्निश जारी रखने, बचाव एवं राहत के तमाम प्रबन्ध सभी पंचायत समितियों और विभागों के स्तर पर बनाए रखने, जरूरत के समय तत्काल बचाव एवं राहत के प्रयास शुरू करने और प्रभावित क्षेत्रो में भ्रमणों को व्यापक बनाने आदि के लिए प्रभावी गतिविधियों में जुटने के दिशा-निर्देश दिए।