श्रीगंगानगर (लक्ष्मीकान्त शर्मा), अब राज्य सरकार जनसमस्याएं सुलझाने के लिए खुद गांवों में दस्तक देगी। मुख्यमंत्री से लेकर सभी प्रभारी मंत्री गांवों में जाकर दुखडा सुनेंगे।
मुख्यमंत्री सर्वजन संबल महाअभियान नाम से इस कार्यक्रम की शुरुआत 25 मार्च से होगी। जिलों के प्रभारी मंत्रियों को ग्रामीण इलाकों में वहां की समस्याओं की जानकारी लेने और उनका मौके पर समाधान कराने के लिए भेजा जायेगा। मुख्यमंत्री भी जिलों में दौरा कर जनता का दुखडा सुनेंगी। इस अभियान को चुनाव पूर्व तैयारी के रूप में देखा जा रहा है। इसके पीछे मंशा है कि वसुधंरा सरकार उस समस्या को निपटाना चाहती है जो विपक्ष के लिए मुद्दा बन सकता है। अभियान के तहत प्रभारी मंत्री गांवों में पांच-पांच दिन रुककर सरकार की योजनाओं के क्रियान्वयन की जानकारी तो लेंगे और जनसुनवाई करेंगे।
मंत्री कोताही नहीं बरते
श्रीगंगानगर। राजस्थान की मुख्यमंत्री वसुंधराराजे ने सभी जिला प्रभारी मंत्रियों को निर्देश दिए हैं कि वे राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी योजना के प्रभावी क्रियान्वयन और मॉनिटरिंग में कोताही नहीं बरतें। इसकी पूरी जिम्मेदारी उन्हीं की होगी। गत दिवस मंगलवार को हुई प्रभारी मंत्रियों की बैठक में मुख्यमंत्री ने कहा कि एक अप्रैल से सभी जिलों में यह योजना शुरू होगी, इसलिए प्रभारी मंत्रियों की जिम्मेदारी है कि वे योजना के क्रियान्वयन में किसी तरह की ढील नहीं होने दें।