हनुमानगढ, १२ नवंबर। राजस्थान में शुर्कवार को दीपावली के दिन बिजली की आपूर्ति का नया इतिहास बन गया जब बिजली कंपनियों ने पूरे प्रदेश में ११२५ लाख यूनिट बिजली की सप्लाई की। सूचना एवं जनसम्पर्क आयुक्तालय की वेबसाईट पर जारी समाचार के अनुसार यह पहला मौका था जब राज्य में गांव में भी कोई कटौती नहीं की और किसानों को भी निर्धारित समय पर पूरी बिजली की आपूर्ति की गई।
मुख्यमंत्री श्रीमती वसुंधरा राजे के निर्देश पर इस साल किसानों के साथ ही * सभी क्षेत्रों को पूरी बिजली देने की व्यवस्था बिजली कंपनियों ने की है और दीवाली पर अतिरिक्त बिजली की व्यवस्था करने का ही परिणाम रहा कि शहरों के साथ ही ग्रामीण क्षेत्रों में भी पूरी बिजली दी जा सकी। ये भी पहली बार ही हुआ कि फीडर सुधार कार्यर्कम की र्कियान्विति के चलते इस साल २४ घंटे घरेलू बिजली साढे तेरह हजार गांवों को मिली। इस साल के आखिर तक ऐसे गांव २० हजार हो जाएंगे तथा अगले साल मार्च तक इनकी संख्या ३० हजार को पार कर जाएगी।
राजस्थान बिजली प्रसारण निगम के अध्यक्ष एवं प्रबंध निदेशक श्री श्रीमत पाण्डेय ने बताया कि दीपावली के दिन बिजली का सर्वाधिक भार ५२०० मेगावाट रिकार्ड किया गया ज पहले कभी नहीं रहा। पिछले साल पीक पीरियड पर सर्वाधिक भार इन्हीं दिनों में ४४०० मेगावाट दर्ज किया गया था। उन्होंने बताया कि निगम ने प्रसारण तंत्र को मजबूत करने के लिए २२० केवी के ५४, १३२ केवी के २६३ तथा ३३ केवी के २६०० सब स्टेशन स्थापित कर लिए हैं जिसका परिणाम रहा कि बिजली की निर्बाध सप्लाई संभव हो सकी और कहीं भी लोड शेडिंग की जरूरत नहीं हुई।
जयपुर बिजली वितरण निगम के अध्यक्ष एवं प्रबंध निदेशक श्री आर.जी. गुप्ता ने बताया कि जयपुर शहर में दीपावली पर ८५ लाख यूनिट बिजली की रिकार्ड आपूर्ति की गई जबकि पिछले साल शहर में दीपावली के दिन ७२ लाख यूनिट बिजली दी गई थी। उन्होंने बताया कि दीपावली पर निर्बाध बिजली देने के लिए निगम ने ३०० नए ट्रांसफार्मर लगाए गए और १२० की क्षमता बढाई गई। दीपावली के दिन शहर में बिजली ठीक करने के लिए पूरे इंतजाम किए गए थे जिससे कहीं भी बिजली गुल नहीं हुई।