बीकानेर में विश्व विद्यालय का नामकरण महाराजा गंगासिंह पर 13 Aug
2008
बीकानेर विश्व विद्यालय का नाम करण पूर्व महाराजा गंगासिंह, राजस्थान कृषि विश्व विद्यालय का नाम ’ स्वामी केशवानंदजी तथा खेतडी स्थित महाविद्यालय का नामकरण ’स्वामी विवेकानंद’ के नाम से
बीकानेर, 13 अगस्त। मुख्यमंत्री श्रीमती वसुंधरा राजे की अध्यक्षता में बुधवार को बीकानेर के राजस्थान कृषि विश्व विद्यालय परिसर में संपन्न राज्य मंत्री मंडल की बैठक में बीकानेर विश्व विद्यालय का नाम करण पूर्व महाराजा गंगासिंह, राजस्थान कृषि विश्व विद्यालय का नाम ’ स्वामी केशवानंदजी तथा खेतडी स्थित महाविद्यालय का नामकरण ’स्वामी विवेकानंद’ के नाम से करने, जनजाति उपयोजना क्षेत्र सहरिया बहुल क्षेत्रों में निवास करने वाले व्यक्तियों के लिए प्रशिक्षण पाठ्यक्रम में आरक्षण निर्धारण करने तथा राजस्थान नगर पालिका अधिनियम 1959 में संशोधन कर महिलाओं के लिए आरक्षण 33 प्रतिशत से बढाकर 50 प्रतिशत करने जैसे महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए।
संसदीय कार्यमंत्री श्री राजेन्द्र राठौड ने यह जानकारी देते हुए बताया कि मुख्यमंत्री श्रीमती वसुंधरा राजे द्वारा महिला सशक्तीकरण की दिशा में की गई एक महत्वपूर्ण बजट घोषणा के तहत शहरी निकायों में विभिन्न पदों पर महिला आरक्षण 33 प्रतिशत से बढाकर 50 प्रतिशत करने के निर्णय पर मंत्रीमंडल ने अपनी मोहर लगाई है। इस निर्णय से अब शहरी निकायों की 50 प्रतिशत नगर निगम, एवं पालिकाओं की मुखिया अर्थात मेयर, अध्यक्ष एवं पार्षद के पद पर महिलाओं को प्रतिनिधित्व मिलेगा।
राज्य मंत्री मंडल ने भारतीय चिकित्सा पद्धतियों पर आधारित सेवाओं के क्षेत्र में निजी निवेश को प्रोत्साहित करने के लिए रसायनशाला, महाविद्यालय,चिकित्सा एवं विशिष्ठ चिकित्सा सेवा केन्द्र खोलने पर भूमि आवंटन में विशेष रियायतें देने का भी निर्णय लिया हैं। निर्णय के अनुसार महाविद्यालय खोलने पर कम से कम पांच करोड रूपये,चिकित्सालय एवं विशिष्ट चिकित्सा केन्द्र के लिए 2.50 करोड रूपये तथा फार्मेसी की स्थापना पर पांच करोड रूपयों का जो निवेश करेंगे उन्हें रियायतें दी जाएगी। पचास हजार से कम की जन संख्या वाले ऐसे शहर व गांव जो संभागीय मुख्यालय से पचास किलोमीटर तथा जिला मुख्यालय से 20 किलोमीटर से ज्यादा दूरी पर स्थित है,वहां 50 लाख रूपये निवेश से स्थापित होने वाले 15 शय्याओंं वाले अस्पतालों को भी प्रोत्साहन दिया जायेगा। इसके लिए स्टेट आयुर्वेद प्लानिंग व रिसोर्स कमेटी का गठन किया गया है जो निवेशकों द्वारा प्राप्त प्रस्तावों का परीक्षण कर राज्य सरकार को अनुशंसा के लिए भेजेगी।
मंत्री मंडल ने कृषि उपज मंडी समितियों के मंडी प्रांगणों एवं अन्य विभिन्न योजनाओं के लिए आपसी समझौते से भूमि प्राप्त करने की एक महती योजना का अनुमोदन भी किया। इसके तहत खातेदार द्वारा वांछित भूमि को निःशुल्क समर्पित करने पर मुआवजे के रूप में उसे उसी मूल्य की 25 प्रतिशत विकसित भूमि दी जा सकेगी, जिसमें से अधिकतम 5 प्रतिशत विकसित भूमि व्यवसायिक प्रयोग में ली जा सकेगी। इससे खातेदार को कृषि जिन्सों का व्यवसाय करने का अधिकार मिलेगा। इसी प्रकार जनजाति आयोजना क्षेत्र, सहरिया बहुल क्षेत्र में निवास करने वाले व्यक्तियों के लिए राजकीय सेवाओं में चयन से पूर्व शिक्षण प्रशिक्षण पाठ्यक्रमों में आरक्षण का प्रावधान किया गया है, इसके तहत जन जाति आयोजना क्षेत्र में शिक्षक प्रशिक्षण पाठ्यक्रमों में संचालित राजकीय व निजी क्षेत्र की संस्थाओं में एन.सी.टी.इ., द्वारा निर्धारित सीटों के तहत अनुसूचित जन जाति के स्थानीय व्यक्तियों को 45 प्रतिशत, अनुसूचित जाति को 5 प्रतिशत तथा शेष 50 प्रतिशत आरक्षण सामान्य वर्ग के अन्तर्गत वरीयता अनुसार दिया जाएगा।
श्री राठौड ने बताया कि सहरिया बहुल क्षेत्र में बारां जिले की शाहबाद एवं किशनगंज तहसीलों के स्थानीय निवासियों के लिए 25 प्रतिशत तथा शेष 75प्रतिशत सीटें सामान्य नियमों के अन्तर्गत आरक्षण में निर्धारित होंगी।
उन्होंने बताया कि पुलिस कर्मियों को उनकी उत्कृष्ट सेवाओं के लिए सम्मानित करने के उद्धेश्य से राजस्थान पुलिस नियमों में संशोधन का भी मंत्री मंडल ने निर्णय लिया है। इसके तहत शौर्यपूर्ण कार्य के लिए पुलिस निरीक्षक पद से उप अधीक्षक के पद पर विशेष पदोन्नति का प्रावधान किया गया है। इसी प्रकार पदक प्राप्त पुलिस उप अधीक्षकों को अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक के पद पर विशेष पदोन्नति दी जाएगी। इसके लिए प्रमुख शासन सचिव गृह की अध्यक्षता में एक कमेटी का गठन करने का निर्णय लिया गया है जिसमें प्रमुख शासन सचिव कार्मिक एवं पुलिस महानिदेशक शामिल होंगे।
संसदीय कार्यमंत्री ने बताया कि राज्य में राजकीय सेवा से सेवा निवृति के समय यदि कोई कर्मचारी विभागीय जांच के दायरे में आ जाता है और वह उस जांच में दोष मुक्त हो जाता है तो सेवा निवृति पश्चात देय लाभ पर ब्याज दिया जाएगा। इसके लिए राजस्थान सिविल सेवा पेंशन अधिनियम 1996 के अधिनियम 89(6) में संशोधन कर दोषमुक्त कर्मचारी को देय तिथि से भुगतान की तिथि तक 9 प्रतिशत ब्याज की दर से भुगतान किया जाएगा।
राज्यमंत्री मंडल ने जोधपुर में 12 लाख की शहरी जन संख्या होने की वजह से शहरी विकास की आवश्यकताओं को देखते हुए जोधपुर विकास प्राधिकरण गठित करने की घोषणा का अनुमोदन किया। इसके तहत प्राधिकरण क्षेत्र में 235 गांव सम्मलित किए जाएंगे जिससे उनके विकास को गति मिल सकेगी। उन्होंने बताया कि मुख्यमंत्री श्रीमती वसुंधरा राजे ने पिछले वर्ष स्वाधीनता दिवस के अवसर पर ही जोधपुर विकास प्राधिकरण के गठन की घोषणा की थी।
बैठक में यह भी निर्णय लिया गया की जन स्वास्थ्य अभियांत्रिकी विभाग में 31 मार्च 1994 तक नियुक्त 104 वाहन हैल्पर जो वाहन चालक का कार्य कर रहे थे उन्हें वाहन चालक के पद पर नियुक्त करने के लिए राजस्थान इंजीनियरिंग अधिनस्थ सेवा नियम 1967 में संशोधन का अनुमोदन का निर्णय भी लिया गया। इन वाहन चालकों को स्कि्रनिंग कमेटी द्वारा छंटनी पश्चात वाहन चालक के पद पर नियुक्तियां दी जाएगी।
तकनीकी शिक्षा विभाग के अन्तर्गत त्रि-स्तरीय शिक्षा यथा इंजीनियरिंग,पॉलिटेक्निक एवं औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थान के तहत विभागाध्यक्ष का एक ही पद निदेशक तकनीकी शिक्षा है,जिसके अधीन पॉलिटेक्निक शाखा एवं प्रशिक्षण शाखा (आई.टी.आई.) का मुख्यालय जोधपुर है। राज्य मंत्री मंडल ने अब विभाग में पुनर्गठन का निर्णय लिया गया है। जिसके तहत भारतीय प्रशासनिक सेवा के अधिकारी को महानिदेशक के पद पर लगाया जायेगा, इसके अधीन निदेशक पॉलिटेक्निक तथा निदेशक (प्रशिक्षण) पृथक से कार्य करेंगे।