बीकानेर, आज से एक सप्ताह बाद मनाया जाने वाला दिपों का त्यौहार दिपावली को देखते हुए शहर के प्रमुख बाजारों में भीड नजर आने लगी है। दिपावली आने के पहले ही आतिशबाजी की दूकाने सज गई है। जहां तरह-तरह के पटाखें, फुलझडयां, छोटी-बडी चक्रीयां, अनार आदि आईटम बच्चों सहित बडो को भी अपनी और आकृषित कर रहे ह। लेकिन दूसरी तरफ महंगाई से यह व्यवस्था त्रस्त है। दूकानदारों ने किसी तरह की आकस्मिकं दूर्घटना या आगजनी से बचाव के लिए दूकानदारों ने एहतियात के तौर पर अग्निशमन सिलेण्डर, बालूरेत, पानी की व्यवस्था कर रखी है। बाजारों में आतिशबाजी की दूकानें सज चुकी है इन दूकानों पर हर वैरायटी के पटाखें उपलब्ध है। जोशीवाडा स्थित आतिशबाजी की दूकान के मालिक फन्नाभा आचार्य का कहना है कि दिपावली में आतिशबाजी हो इस त्यौहार की जान है। इस बार खतरनाक पटाखों के साथ-साथ कौतुहल पैदा करने वाले आईटम भी बाजार में उपलब्ध है। मुरलीधर व्यास कॉलोनी स्थित प्रिंस सलैक्शन पोईटं दूकान के मालिक जगदीश शर्मा का कहना है कि सबके लिए सब कुछ है अलग-अलग आवाजों वाले बम, आसमान को रंग बिरंगा कर देने वाले रॉकेट कई तरह की चकरी आग के फुहारें छोडने वाला अनार, अंगारे उगलने वाला अनार आदि है। फड बाजार के दुकानदार दिनेश कुमार का कहना है कि इस बार लोगो को आसमानी पटाखें ज्यादा पसंद आ रहे है। सतरंगी रोशनी बिखरने वाले गोले है। जिनमें एक डिब्बें म सोलह से लेकर दो सौ चालीस तरह की आवाजें है। इसके अलावा बच्चों के लिए भी रंगबिरंगी स्वैक्स फुलझडियां, हेन्टर आदि कई तरह के आईटम बाजार में उपलब्ध है। बाजारों में आतिशबाजी की दूकान लगी है पर दूकानदारों के चेहरे पर मुस्कान नहीं है क्योकि बाजार में पहले से इतनी महंगाई की मार है ऊपर से आतिशबाजी के प्रत्येक आईटम पर हर बार की तुलना में डेढ से दो गुना ज्यादा महंगा है।