हनुमानगढ , 14 सितम्बर। रावतसर क्षेत्र में नोहर मार्ग पर बरसात से एकत्रित हुए पानी को सडक के दूसरी तरफ स्थित बने डिप्रेशन में डालने के लिए शुक्रवार प्रातःकाल से चार पम्प, एक बर्मा और सेना द्वारा चार अन्य पप्म सैटों के माध्यम से पानी को निकाला जा रहा है।
जल संसाधन (उत्तर) हनुमानगढ के मुख्य अभियन्ता ने बताया कि इन पम्प सैटों के माध्यम से प्रभावित क्षेत्र से अनुमानित 1॰ क्यूसेक की दर से पानी लिफ्ट हो रहा है । उन्होंने बताया कि जिला प्रशासन व सिंचाई अधिकारियों व सेना के अधिकारियों से विचार विमर्श के पश्चात सडक पर कट लगा कर सडक के दूसरी तरफ के डिप्रेशन में डालने का निर्णय लिया । इस कट के माध्यम से लगभग तीस घनफीट पानी प्रति सकेन्ड की दर से इन डिप्रेशन में डाला जा रहा है। उन्होंने बताया कि इस कार्य लगातार दो घंटो के पश्चात रावतसर -सरदारशहर मार्ग पर हॉस्पिटल के सामने इक्क्ठे पानी में भी कमी दिखाई दी। इसके अतिरिक्त विद्युत चालित छः पम्प सैटों व डीजल पम्प सैट जिनकी प्रत्येक की क्षमता 1॰ क्यूसेक हैड के लिए अस्थाई फाउडेशन तैयार कर शुक्रवार रात्रि से ही चालू कर दिए गया है। इसके अतिरिक्त इंदिरा गांधी मुख्य नहर के आर.डी.99 के रावतसर सेम के निराकरण के लिए पम्प हाऊस में कुल तीन पम्प लगाए गए है जिनकी क्षमता 13 क्यूसेक प्रति पम्प है। । शुक्रवार को दो पम्प और एक इलैक्ट्रिक मीटर से पानी को लिफ्ट कर नहर में डालने की कार्यवाही की जा रही है।