बीकानेर। दीवाली करीब एक महीना शेष बचा है और सोने के भाव फिर से आसमान छूने लगे हैं। भावों में तेजी का कारण वायदा बाजार को बताया जा रहा है। बिकवाली के कारण सोना ऊपर-नीचे झूल रहा। सोने के अस्थिर भाव ने आम ग्राहकों को परेशान कर रखा है और वह समझ नहीं पा रहे कि सोना कहां जाकर स्थिर होगा। गत सप्ताह सोना स्टैण्डर्ड 16 हजार 100 रूपए प्रति दस ग्राम की नई ऊंचाई पर पहुंच गया था। फिलहाल यह 16 हजार पर बना हुआ है। वहीं कच्ची चांदी का भाव 25 हजार 850 प्रति किलोग्राम बना हुआ है। सोने की खरीदारी फिलहाल सुस्त बनी हुई है। श्राद्धपक्ष होने से बाजार में खरीदारी न के बराबर है। ज्वैलर्स पुराने आर्डरों को पूरा करने में लगे हुए हैं। अगले सप्ताह कनागत समाप्त होने के बाद ही बाजार में रौनक लौटने की संभावना है। सर्राफा व्यवसायियों का कहना है कि वायदा बाजार में बिकवाली होने से सोने के भाव अस्थिर बने हुए हैं। भावों के ऊपर-नीचे होने से ग्राहक को परेशानी हो सकती है। भाव के स्थिर होने की कोई भविष्यवाणी नहीं की जा सकती। नवरात्रा शुरू होने के साथ ही बाजार चल उठेगा। सोने के साथ साथ चांदी ने भी लोगों की नाक में दम कर रखा है। इसके लगातार बढते जा रहे भावों ने मानो चांद की तरह इसकी खरीद पर भी ग्रहण लगा दिया है।