नई दिल्ली, २४ अगस्त। नई दिल्ली में शुक्रवार को आयोजित हुए रिसर्जेन्ट राजस्थान पार्टनरशीप सम्मिट के पूर्वावलोकन कार्यक्रम में राजस्थान की मुख्यमंत्री श्रीमती वसुंधरा राजे की भूरी-भूरी प्रशंसा हुई और देखते ही देखते प्रदेश में आई.टी.आई. को गोद लेने वाले सात प्रायोजक भी मिल गए।
नई दिल्ली के फिक्की भवन में राजस्थान में निवेश आकर्षित करने के उदेश्य से आयोजित परिचर्चा सत्र में मौजूद देश की जानी मानी औद्योगिक और व्यापारिक समूहों के प्रमुखो और प्रतिनिधियों ने मुख्यमंत्री श्रीमती राजे की विलक्षण नेतृत्व व प्रशासनिक क्षमता, कार्य कुशलता, कर्मठता और प्रदेश में निवेश आकर्षित करने के लिए किए जा रहे अथक प्रयासों की मुक्त कंठ से प्रशंसा की। वक्ताओं ने एक स्वर में राजस्थान के प्रशासनिक तंत्र की सकारात्मक और सहयोगात्मक प्रवृति की भी जबर्दस्त तारीफ की।
वक्ताओं ने कहा कि श्रीमती राजे द्वारा प्रदेश के विकास के प्रति प्रतिबद्धता, ढृढसंकल्प, दूर दृष्टि, लक्ष्य का पीछा करने की प्रवृत्ति और समर्पित भावना बेमिसाल है। इसी प्रकार राजस्थान के छोटे से बडे अधिकारियों से मिलने वाला सहयोग भी कम नही है, जो कि अन्य राज्यों में देखने को नही मिलता है।
समारोह में मुख्यमंत्री श्रीमती राजे की उपस्थिति में फिक्की की ओर से प्रदेश के आई.टी.आई. को गोद लेने की जब अपील की गई तो देखते ही देखते होंडा सिएल के एन.के.गोईला और डी.एल.एफ. के राजीव तलवार ने दो-दो, सबरोस के रमेश सूरी, हबीब प्राईवेट लिमिटेड के अनिल गुप्ता, राज वेस्ट पॉवर लिमिटेड के एन.के.जैन और जे.के.लक्ष्मी सीमेंट के शैलेन्द्र चौकसी ने एक-एक आई.टी.आई. को गोद लेने की घोषणा कर दी। इन संस्थाओं को प्रदेश में खेतडी, आबू रोड, बालोतारा, नागौर, भीलवाडा, बूंदी, झालावाड, बांसवाडा, डूंगरपुर, प्रतापगढ, अलवर, अजमेर (महिला आई.टी.आई.), हनुमानगढ, ब्यावर और भिवाडी में स्थित आई.टी.आई. को गोद लेने का विकल्प प्रदान किया गया था।
राजस्थान में अपनी इकाईयाँ लगाने वालें वक्ताओं ने अपनी सफलताओं का श्रेय राज्य सरकार और मुख्यमंत्री राजे की दूरदृष्टि और पक्के इरादे को दिया। महेन्द्रा एंड महेन्द्रा के निदेशक श्री अरूण के नंदा ने जयपुर में विशेष आर्थिक क्षेत्र (सेज) की स्थापना के लिए राज्य सरकार, प्रशासन और जनता से मिले सहयोग की प्रशंसा की। उन्होंने बताया कि ३००० एकड भूमि में से ९७ प्रतिशत भूमि आवंटित हो चुकी है। उन्होंने बताया कि जयपुर में देश का आदर्श सेज बनेगा जिसमें एक से डेढ लाख लोगो को रोजगार उपलब्ध होगा। हम ५० हजार बच्चों को निःशुल्क शिक्षा सुविधा भी देंगे।
फोर्टिस हेल्थ केयर (अपोलो समूह) के प्रबंध निदेशक और मुख्य अधिशासी अधिकारी श्री शिविंद मोहन सिंह ने बताया कि हम जयपुर में ११० करोड रूपये की लागत से ३५० बिस्तरों का एक अस्पताल खोलने जा रहे हैं। राज्य के दो और शहरों में भी ऐसे अस्पताल खोलने का विचार है। इससे प्रदेश में चिकित्सा सुविधाओं को भी बढावा मिलेगा।
होंडा सिएल कार के उपाध्यक्ष श्री एन.के.गोईला ने बताया कि राजस्थान में हमारें कारखाना से इस वर्ष के अंत तक कारें बनाने लग जाएंगी। प्रारंभ में हम १००० करोड का निवेश कर रहे हैं जिसे बढाकर २५०० से ३००० करोड करने का विचार है। प्रारंभ में ६० हजार कारे प्रतिवर्ष बनेगी। उन्होंने कहा कि प्रदेश में आई.टी.आई. प्रमोशन का काम भी करेंगे।
डी.एल.एफ. समूह के अधिशासी निदेशक श्री राजीव तलवार ने बताया कि राजस्थान में हम ३५० करोड का निवेश करने जा रहे हैं जिसके तहत हिल्टन समूह के सहयोग से हम जयपुर में हॉटल्स और कन्वेंशन सेंटर आदि क्षेत्रों को विकसित करने का काम करेंगे।
वेस्ट पॉवर लिमिटेड के उपाध्यक्ष श्री एम.एस.राव ने स्टील, एल्यूमीनियम, उर्जा, सीमेंट, सॉफटवेयर आदि क्षेत्रों में निवेश की चर्चा की।
जेन पेक समूह बहुराष्ट्रीय कंपनी के वरिष्ठ उपाध्यक्ष श्री अशोक त्यागी ने जयपुर में चलाए जा रहे बी.पी.ओ. की जानकारी देते हुए बताया कि इसमें प्रदेश के २००० युवक-युवतियों को रोजगार मिल रहा है। हम जयपुर मे दो नॉलेज सेंटर भी चला रहे हैं।
कजारिया ग्रुप के चेयरमैन श्री अशोक कजारिया ने बताया कि उनके समूह द्वारा जयपुर में ३०० करोड का निवेश कर सिरेमिक टाईल्स का संयत्र स्थापित किया गया है। गैस उपलब्धता होने पर हम भिवाडी में भी १५०० करोड की एक यूनिट लगाने की मंशा रखते हैं।
सभी वक्ताओं ने कहा कि हमारा राजस्थान में आकर निवेश करने का अनुभव बहुत अच्छा रहा है। उन्होंने कहा कि राजस्थान कानून व्यवस्था की दृष्टि से देश का सबसे शांतप्रिय प्रदेश है और औद्योगिक दृष्टि से राजस्थान से बढया आदर्श स्थान और कोई नहीं हो सकता क्योंकि वहां सरकार, प्रशासन और जनता से मिलने वाला सहयोग अन्य किसी प्रदेश के मुकाबले न केवल बेहतर वरन् अतुलनीय है।
समारोह में विभिन्न प्रतिनिधियों द्वारा पूछे गए सवालों के मुख्यमंत्री ने बहुत ही सहज भाव से उत्तर दिए और प्रदेश के संबंध में व्यक्त विचारों के लिए आभार प्रकट किया। अंत में फिक्की की राजस्थान शाखा के अध्यक्ष श्री जय सिंह ने संभागियों को धन्यवाद दिया।