राष्ट्रीय उपभोक्ता दिवस समारोह पूर्वक मनाया 24 Dec
2007, 1821 Hrs
उपभोक्ता अधिकारों के संरक्षण के लिए प्राथमिक तौर पर स्वयं उपभोक्ता को जागरूक होना होगा। उपभोक्ता अधिकारों की जानकारी प्रत्येक व्यक्ति को होनी आवश्यक है तभी वह शोषण से बच सकता है।
डूंगरपुर २४ दिसंबर/ उपभोक्ता अधिकारों के संरक्षण के लिए प्राथमिक तौर पर स्वयं उपभोक्ता को जागरूक होना होगा। उपभोक्ता अधिकारों की जानकारी प्रत्येक व्यक्ति को होनी आवश्यक है तभी वह शोषण से बच सकता है।
यह विचार भारतीय प्रशासनिक सेवा के वरिष्ठ अधिकारी एवं राजकीय वाद प्राधिकरण के चैयरमेन तथा पूर्व प्रमुख शासन सचिव खाद्य विभाग राजस्थान उमराव सालोदिया ने व्यक्त किए।
वे स्थानीय लक्ष्मण मैदान में सोमवार को जिला रसद कार्यालय के तत्वावधान में आयोजित राष्ट्रीय उपभोक्ता दिवस के जिला स्तरीय समारोह में बतौर मुख्य अतिथि संबोधित कर रहे थे।
उन्हेने कहा कि विद्यालयों में उपभोक्ता क्लबों के गठन की मंशा भी यही है कि छात्र जीवन से ही उपभोक्ता को उसके अधिकारों के प्रति जागरूक बनाया जाए और आवश्यकता पडने पर इनका प्रयोग करते हुए शोषण से बचा जा सके।
सालोदिया ने बताया कि उपभोक्ताओं के अधिकारों की रक्षा के लिए प्रत्येक स्तर पर मंच की स्थापना की गई है और यहां पर प्राप्त शिकायतों का निस्तारण किया जा रहा है। उन्होंने आम नागरिकों से अपील की कि इन मंचों के माध्यम से अपनी पीडा को अभिव्यक्त करे। उन्होंने बताया कि जागो ग्राहक जागो अभियान के माध्यम से संपूर्ण राज्य में उपभोक्ता जागृति के लिए प्रयास किये जा रहे है। उन्होंने बताया कि शीघ्र ही राज्य स्तर पर उपभोक्ता निदेशालय की स्थापना के बारे में जानकारी दी।
कार्यक्रम की अध्यक्षता करते हुए जिला कलक्टर नीरज के. पवन ने कहा कि उपभोक्ता अधिकारों का संरक्षण आवश्यक है। इसके लिए शासन और प्रशासन सभी की भूमिका निर्धारित है परंतु सर्वाधिक आवश्यकता इस बात की है कि उपभोक्ता स्वयं इस हेतु जागरूक होकर अपने अधिकारों के प्रति सावचेत रहे। अपनी भूमिका निभाते हुए उपभोक्ता स्वयं आवश्यकता पडने पर सेवा प्रदाता के विरूद्ध कार्यवाही करने में जागरूकता रखते हुए तत्पर रहे। उन्होंने इसके लिए बच्चों को जानकारी देने की आवश्यकता बताई और कहा कि बच्चे इस उम्र से ही सजग उपभोक्ता बने। उन्होंने कहा कि यह कार्यक्रम केवल औपचारिक न रह जाए, उपभोक्ता दिवस के माध्यम से विद्यार्थियों को उपभोक्ता अधिनियम और अधिकारों की सही जानकारी प्रदान की जाए।
आरंभ में जिला रसद अधिकारी गोपाल मोहन माथुर ने उपस्थित अतिथियों का स्वागत करते हुए उपभोक्ता संरक्षण कानून की जानकारी दी और कहा कि उपभोक्ता संरक्षण के लिए सशक्त कानून बने हुए हैं, आवश्यकता इनके यथासमय प्रयोग की है।
इस अवसर पर उपखण्ड अधिकारी रामचंद्र खराडी, पुलिस उप अधीक्षक कैलाशदान जुगतावत, जिला शिक्षा अधिकारी मनोज शर्मा, कोषाधिकारी ठाकुरदास माखीजा, कांतिशंकर शुक्ला, डॉ सुन्दरलाल शर्मा, रोडवेज के अधिकारी डायालाल पाटीदार, प्रेमांशुराम मेहता, हरीश डी. पण्ड्या, डॉ हितेष भट्ट, गिरीश पानेरी, धर्मेन्द्र शर्मा सहित अन्य अधिकारी, रसद विभागीय अधिकारी - कर्मचारी सहित बडी संख्या में स्कूली विद्यार्थी, नगर के विभिन्न शिक्षण संस्थाओं के शिक्षक - शिक्षिकाएं उपस्थित थे। समारोह का संचालन ममता शर्मा ने किया जबकि आभार प्रदर्शन की रस्म प्रवर्तन निरीक्षक चेतनलाल वसीटा ने अदा की।
‘चेतना‘ का विमोचन
कार्यक्रम में मुख्य अतिथि उमराव सालोदिया ने जिले के राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय पालदेवल द्वारा प्रकाशित उपभोक्ता जागृति फोल्डर ‘चेतना ः उपभोक्ता उपहार‘ का विमोचन किया। विद्यालय के संस्था प्रधान हरीश डी. पण्ड्या के मागदर्शन में सुनीता पण्ड्या व महेश शाह द्वारा तैयार इस फोल्डर में उपभोक्ता जागृति संबंधी जानकारी उपलब्ध कराई गई है।
रैली के माध्यम से दिया उपभोक्ता जागरूकता का संदेश
जिला स्तरीय समारोह से पूर्व राजकीय देवेन्द्र बालिका उच्च माध्यमिक विद्यालय से उपभोक्ता चेतना विषयक रैली निकाली गई। रैली को उपखण्ड अधिकारी रामचंद्र खराडी ने हरी झण्डी दिखाकर रवाना किया। रैली में शहर के विभिन्न विद्यालयों के बच्चों ने तख्तियों व नारों के माध्यम से उपभोक्ता जागरूकता का संदेश प्रतिध्वनित किया। रैली शहर के प्रमुख मार्गों से होती हुई लक्ष्मण मैदान पर सम्पन्न हुई।