राष्ट्रीय आयोडिन अल्पता विकार नियत्रंण कार्यक्रम के अन्तर्गत सोमवार को स्वास्थ्य भवन सभागर में खाने के काम आने वाले नमक में आयोडिन की मात्रा पर आज एक कार्यशाला आयोजित हुई। इस कार्यशाला में चिकित्सा एंव स्वास्थ विभाग के अधिकारियो के साथ व्यापारी एंव स्वयसेवी संगठनों के पदाधिकारी शामिल हुए कार्यशाला की अध्यक्षता संयुक्त निदेशक बीकानेर जोन डॉ एम पी बुढानिया ने की। उन्होने अपने उद्बोधन मे कहा की आयोडिन शरीर के लिए एक आवशयक एवं पोषक तत्व होता है और इसकी मात्रा से हमे शक्ति मिलती है एवं बौद्यिक विकास होता है। इसके लिए हमें इसको प्रतिदिन भोजन में अल्प मात्रा में अवश्य लेना चाहिए। डॉ बुढानिया ने भोजन के साथ आयोडिन नमक की अनिवार्यता के साथ शरीर मे आयोडिन की कमी से होने वाले हानिकारक प्रभावो के बारे मे जानकारी दी इस अवसर पर आईडीडीसीपो के संभागिय प्रभारी गोकुल वर्मा ने उपस्थित श्रोताओं को नमक मे आयोडिन की मात्रा की जांच करने एवं व्यापारियो से आयोडिन युक्त नमक ही बेचने की अपील की। कार्यशाला के मुख्य अतिथि स्वास्थ अधिकारी डॉ सी बी धनावत थे। कार्यशाला मे आरसीएचओ डॉ एस एल गोदारा, ब्लाक सीएमओ, एनजीओ तथा व्यापार मडंल के सोमदत श्रीमाली भी उपस्थित थे।