सरकार ने भारतीय रिजर्व बैंक की भारतीय स्टेट में शेयर होल्डिग खर
29 Jun
2007

सरकार ने अब तक की सबसे बडी नकद खरीद के रूप में आज भारतीय रिजर्व बैंक से उसके भारतीय स्टेट बैंक में सारे शेयर खरीद लिए । भारतीय रिजर्व बैंक के पास स्टेट बैंक के कुल ३१,४३,३९,२०० इक्विटी शेयर थे । सरकार ने १० रुपये के अंकित मूल्य वाले इन सभी शेयरों को ११३०.३५ रुपये प्रति शेयर के हिसाब से ३५,५३१,३३,१४,७२० रुपये में खरीद लिया है । हालांकि अधिग्रहण नियमन के रूप में प्रचलित सेबी (शेयरों की भारी खरीद एवं अधिग्रहण) विनियम, १९९७ इस लेन-देन पर लागू नहीं थे, लेकिन २८ फरवरी, २००७ को संदर्भ तिथि मानकर सेबी के दिशा-निर्देशों के अनुसार भारतीय स्टेट बैंक में भारतीय रिजर्व बैंक की शेयर होल्डिग का मूल्यांकन किया गया । गौरतलब है कि वित्त मंत्री ने २८ फरवरी, २००७ को अपने बजट भाषण में स्टेट बैंक में रिजर्व बैंक की शेयर होल्डिग का अधिग्रहण करने की घोषणा की थी तथा स्टेट बैंक के शेयर खरीदने के सरकारी इरादे को सार्वजनिक किया था । सरकार ने जून, २००८ तक रिजर्व बैंक से नाबार्ड और राष्ट्रीय आवास बैंक के शेयर भी खरीदने की घोषणा की है । इस संबंध में बैंकिग क्षेत्र सुधार समिति (नरसिम्हम समिति द्वितीय) का मानना था कि प्रभावी पर्यवेक्षण के लिहाज से यह सैद्धांतिक रूप से उचित नहीं है कि बैंकों का नियामक उनका मालिक भी हो, इसलिए भारतीय रिजर्व बैंक को बैंकों और वित्तीय संस्थानों के शेयरों का हस्तांतरण कर देना चाहिए । भारतीय रिजर्व बैंक ने वर्ष २००१-०२ के लिए अपनी मौद्रिक एवं त्रऽण नीति में अपने पास मौजूद भारतीय स्टेट बैंक, राष्ट्रीय आवास बैंक तथा राष्ट्रीय कृषि एवं ग्रामीण विकास बैंक (नाबार्ड) के शेयरों का हस्तांतरण भारत सरकार को करने के इरादे की घोषणा की थी । इस प्रकार भारतीय रिजर्व बैंक ने इन संस्थानों के अपने पास मौजूद शेयरों को भारत सरकार को हस्तांतरित करने का प्रस्ताव भेजा । भारतीय रिजर्व बैंक के पास भारतीय स्टेट बैंक के ५९.७३ प्रतिशत, नाबार्ड के ७२.५० प्रतिशत और राष्ट्रीय आवास बैंक के १०० प्रतिशत शेयर हैं ।
|