देश का पेट का विमोचन 20 अगस्त को
29 Jul
2009
प्रकाश पण्ड्या के लघु कथा संग्रह
बांसवाडा, ख्यातनाम लेखक एवं स्तम्भकार प्रकाश पण्ड्या के लघु कथा संग्रह ’’देश का पेट‘‘ का विमोचन आगामी 20 अगस्त को प्रखर वक्ता एवं मनोज्ञ मुनि श्री पुलक सागर महाराज करेंगे।
इस लघु कथा संग्रह में प्राक्कथन पुलकसागर महाराज ने लिखा है। संग्रह में आमुख प्रख्यात लेखक एवं जन सम्फ सेवा के अधिकारी डॉ. राजेशकुमार व्यास तथा भूमिका कवयित्री अनुभूति जैन ने लिखी है। पुस्तक की परिचयात्मक जानकारी वरिष्ठ लेखिका मुक्ता तैलंग द्वारा लिखी गई है।
108 का मर्म
लेखक ने लघु कथा संग्रह में 54 लघु कथाओं के साथ प्रत्येक लघु कथा से सम्बद्ध स्केच चित्र सहित 108 की माला पिरोयी है। लेखक प्रकाश पण्ड्या ने एक सौ आठ के मर्म की जानकारी देते हुए बताया कि इन सचित्रा लघु कथाओं के जरिये देश के मौजूदा हालात एवं मानवीय संवेदनाओं की 108 मनकों की यह गुथी हुई माला पाठकों और सम सामयिक परिवेश को केन्द्र में रखकर रची गई है।
लघु कथा संग्रह में देश की शीर्षस्थ पत्र-पत्रिकाओं म प्रकाशित एवं पुरस्कृत देश का पेट, डीएनए, जिन्न, अपना-पराया आदि लघु कथाएं भी समाहित ह।
|