बांसवाडा, ३० सितम्बर/ राज्य सरकार के निर्देशानुसार ग्रामीणों की सेहत रक्षा के बहुआयामी उद्देश्यों को लेकर बांसवाडा जिले में चिकित्सा एवं स्वास्थ्य विभाग द्वारा एक अक्टूबर, सोमवार से एक माह का ग्रामीण स्वास्थ्य शिविर अभियान शुरू किया जा रहा है।
इस अभियान के अन्तर्गत ३० अक्टूबर तक रोजाना विभिन्न गांवों में यह शिविर आयोजित होगा। शिविरों का कैलेण्डर विभाग द्वारा घोषित किया जा चुका है।
मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. रामनारायण बैरवा ने बताया कि बांसवाडा जिले में ग्रामीण स्वास्थ्य शिविर अभियान का श्रीगणेश चिकित्सा एवं स्वास्थ्य राज्यमंत्रा भवानी जोशी गढी पंचायत समिति की खेडा ग्राम पंचायत अन्तर्गत मडकोला गांव से करेंगे। जहां क्षेत्रा का पहला शिविर आयोजित किया गया है। अभियान का शुभारंभ समारोह सोमवार को प्रातः १० बजे आयोजित होगा। सोमवार को १२ गांवों में स्वास्थ्य शिविर
इस अभियान के अन्तर्गत रोजाना जिले के बारह गांवों में स्वास्थ्य शिविर लगेंगे। इसके तहत एक अक्टूबर, सोमवार को तलवाडा पंचायत समिति की तलवाडा ग्राम पंचायत के भावेंगखेडी तथा नवागांव ग्राम पंचायत के डामरवासा में, गढी पंचायत समिति की खेडा ग्राम पंचायत के मडकोला तथा टामटिया राठौड ग्राम पंचायत के भतार में, घाटोल पंचायत समिति की गनोडा ग्राम पंचायत के दुकवाडा तथा खमेरा ग्राम पंचायत के उदाजी का गडा और पीपलखूंट पंचायत समिति मुख्यालय वाली ग्राम पंचायत के मोरवानिया गांव में यह शिविर आयोजित होगा।
इसी प्रकार कुशलगढ उपखण्ड में कुशलगढ पंचायत समिति की चरकनी ग्राम पंचायत के संदलाई गांव, सज्जनगढ पंचायत समिति अन्तर्गत कसारवाडी ग्राम पंचायत के टोडी, बागीदौरा पंचायत समिति अन्तर्गत बागीदौरा ग्राम पंचायत के अगेरिया व बडोदिया ग्राम पंचायत के नई आबादी में सोमवार को स्वास्थ्य शिविर आयोजित होगा। जबकि आनन्दपुरी पंचायत की पाट नवाधरा ग्राम पंचायत के हालेडा में यह शिविर लगेगा। आयुर्वेद महकमा भी जुटेगा
सोमवार से एक माह तक के लिए ग्राम्यांचलों म चलाए जाने वाले स्वास्थ्य शिविरों में आयुर्वेद विभाग भी अपनी पूरी तैयारियों के साथ सेवा में जुटेगा। जिला आयुर्वेद अधिकारी वैद्य महेश चन्द्र पण्ड्या ने बताया कि जिले में आयोजित तमाम शिविरों में क्षेत्राय आयुर्वेदिक चिकित्सालय/औषधालय का स्टाफ जुटेगा तथा आयुर्वेद सेवाएं देगा।
उन्होंने बताया कि विभाग ने मौसमी बीमारियों से निपटने की दृष्टि से औषधियां जिले भर के केन्द्रों में भिजवा दी हैं तथा इस एक माही अभियान को देखते हुए भी औषधियां दी जा रही हैं। प्रत्येक शिविर के लिए पृथक-पृथक दल बनाकर चिकित्सा कार्य संपादित किया जाएगा। इसके लिए सभी तैयारियां की जा चुकी हैं। अर्श भगन्दर व लकवा रोगियों को रेफर किया जाएगा जिला आयुर्वेद अधिकारी ने बताया कि ग्राम्य स्वास्थ्य चेतना शिविरों में विशेष रूप से अर्श, भगन्दर व लकवाग्रस्त रोगियों को चिहिनत कर उन्ह जिला मुख्यालय स्थित राजकीय अ श्रेणी आयुर्वेदिक चिकित्सालय में भर्ती के लिए रेफर किया जाएगा। ऐसे रोगियों को जिला चिकित्सालय में भर्ती कर इनका उपचार किया जाएगा।