KhbarExpress www.khabarexpress.com
Welcome Guest Sign In New user! Sign Up Now | My Favourites (new)
Search any word's definition online at pelagiandictionary.com
Search Photo  
RSS 24 November 2009
Forum | Wallpapers | Photo Gallery | Business | Entertainment | Education | Sports | Article | City | Cartoon | Video News |
Free News on your website
12
Dec
होड शतकवीर बनने की
Add comment    Mail     Print    Write to Editor

खेल के मैदानो के रिकार्ड्स के बारे में कहा जाता है कि रिकाड्र्स टूटने के लिए बनते है परन्तु खेलो में कि्रकेट के रिकार्ड्स अन्य खेलो के रिकार्ड्स से अलग होते है। कि्रकेट के रिकार्ड ज्यादा लम्बे समय तक बने रहते है। डॉन ब्रैडमैन के सर्वाधिक टेस्ट शतको का रिकार्ड  ३९ सालो बाद १९८७ में सुनील गावस्कर द्वारा तोडा गया और सुनील गावस्कर के रिकार्ड को सचिन तेंदुलकर ने १७ सालो बाद २००४ में तोडा। परन्तु आज के शतकवीर सचिन के लिए इस रिकार्ड को कायम रखना एक चुनौत्ती हो गयी है क्योंकि रिकी पोटिंग और ब्रायन लारा सचिन के रिकार्ड के काफी करीब पहुंच गये है और काफी हद तक संभव है कि आप तक ये पंक्तियां पहुंचने तक सचिन का रिकार्ड पोंटिंग के द्वारा ध्वस्त हो जाय। टेस्ट कि्रकेट में इतिहास में पहली बार ऐसा हो रहा है कि सर्वाधिक टेस्ट शतको के रिकार्ड को लेकर जोरदार प्रतिस्पर्धा है और यह देखने वाली बात होगी कि सचिन, पोंटिंग और लारा में अंतिम विजय किसकी होगी।
     सचिन ने ३५ वां शतक बनाने के बाद लम्बे समय तक टेस्ट में अभी तक कोई शतक नहीं बनाया है जबकि ब्रायन लारा और रिकी पोंटि्रग तेजी से अपने टेस्ट शतको की संख्या में वृद्धि करते हुए सचिन के रिकार्ड के करीब पहुंच गये है। टेस्ट कि्रकेट के महत्वपूर्ण रिकार्ड हमेशा भारत, आस्ट्रेलिया और वेस्टइंडीज के खिलाडयों के पास रहे है ओर सर्वाधिक टेस्ट शतको के रिकार्ड का संधर्ष भी इन खिलाडयो ंके मध्य चल रहा है। इस प्रतिस्पर्धा की तुलना ८० के दशक में सर्वाधिक टेस्ट विकेटो के रिकार्ड के लिए कपिलदेव, इयान बॉथम, रिचर्ड हैडली और इमरान खान के बीच संघर्ष से की जा सकती है जिसमें अंतिम रूप से कपिल देव विजयी रहे थे। कपिलदेव ने १९९४ में रिचर्ड हेडली के सर्वाधिक टेस्ट विकेटो का रिकार्ड तोडा था। वर्तमान में सर्वाधिक टेस्ट शतको की जंग उन खिलाडयों के बीच है जिनकी टेस्ट कैरियर लगभग एक साथ ही समाप्त होगा और तीनो के ही टेस्ट शतको की संख्या में मात्र एक-दो शतको का अंतर है इस कारण यह जंग रोंचक हो गई है।

     आस्ट्रेलियाई कप्तान रिकी पोटिंग वर्तमान में दुनिया के बेहतरीन बल्लेबाज और कप्तान है। उन्हे कभी सचिन से बेहतर नहीं माना गया था। यहां ताकि सर डॉन ब्रेडमैन से तुलना में भी उन्हे पीछे छोड दिया गया और सचिन को ब्रेडमन के समतुल्य माना गया। परन्तु पिछले दो सत्रो मे ंरिकी पोंटिंग ने शतको की झडी लगा दी। सचिन से काफी पीछे चल रहे रिकी पेांटिग पिछले दो सत्रों कुल ११ शतक लगाकर सचिन के बराबर आ गये है। उनके शतको की सबसे बडी विशेषता है कि उनका लगभग हर एक शतक आस्ट्रेलिया के लिए उपयोगी साबित हुआ है। वर्तमान की ऐशेज श्रंखला में भी आस्ट्रेलिया ने रिकी पोटिंग के शतको की बदौलत ही सीरीज में २-० की बढत बना ली है। इस समय उनके बल्ले से रन इस तरह से निकल रहे मानो किसी पहाडी से झरना गिर रहा हो और ऐसे में दुनिया के किसी भी बल्लेबाज के लिए उनके रनो को रोकना मुश्किल दिखाई दे रहा है। पोंटिग शतको की इस जंग में विजयी हो सकते है क्योंकि लारा और सचिन की तुलना में उनका कैरियर थोडा ज्यादा होगा। परन्तु वर्तमान में इस होड मे बने रहने के लिए उन्हे अपने रनो की रफतार जारी रखनी होगी। बल्ले से रन थमते ही लारा और सचिन उनसे काफी आगे जा सकते है।
     भारत के सचिन तेदुलकर ने सुनील गावस्कर का रिकार्ड तोडने के बाद लम्बे समय त कोई शतक नहीं बनाया है। चोट के कारण उनके कैरियर पर भी प्रश्नचिन्ह लगता जा रहा है। दुनिया के महान बल्लेबाजो में श्ूामार होने वाले इस बल्लेबाज के लिए सर्वाधिक टेस्ट शतको का रिकार्ड प्रतिष्ठा का प्रश्न है। वर्तमान में यदि सचिन यह रिकार्ड कायम नहीं रख पाते है तो निश्चय ही उनकी महान बल्लेबाज के रूप में स्वीकार्यता में कुछ कमी आयेगी। रिकी पोंटिग सचिन से लगभग दस शतक पीछे थे जो मात्र दो सत्र में ही उनके करीब आ गये और लारा भी उनके रिकार्ड के काफी करीब है। ऐसे में सचिन को वापिस फार्म में लौटना होगा। उन्हे रनो की रफतार बढानी होगी। उन्हे अपने रिकार्ड को इतने आगे ले जाना होगा कि रिकी पोंटग के लिए उस शतक पहुंचना संभव नहीं हो । यदि वे ऐसा करने में काम्याब हो जाते है तो उनका रिकार्ड लम्बे समय तक कायम रह पायेगा। मात्र इस रिकार्ड के लिए ही नहीं सचिन को अपने कैरियर को बचाने के लिए भी बल्ले से रन निकालने होगे तभी यह प्रतिहष्ठित रिकार्ड सचिन के पास रह सकेगा।
     सर्वाधिक टेस्ट शतको की होड में पिछडने बाद भी ब्रायन लारा तेजी से सचिन के रिकार्ड की तरफ बढ रहे है। हांलाकि लारा का कैरियर अब अंतिम दौर में है परन्तु जिस प्रकार से वे शतक के बाद शतक लगा रहे है उससे लगता है कि वे रिकार्ड तोडने के बाद ही सन्यास लेंगे। लारा भी टेंस्ट कि्रकेट के महान बल्लेबाज है। वे कमजोर टीम के सदस्य होते हुए भी लगातार रन बना रहे है और वे स्वीकार भी करते है कि उनका लक्ष्य सर्वाधिक टेस्ट शतको का रिकार्ड तोडना है । ब्रायन लारा यदि इस रिकार्ड को तोड भी लेते है तो ज्यादा समय तक यह रिकार्ड उनके नाम नहीं रहेगा। फिर भी एक बार रिकार्ड अपने नाम कर लेना ही एक उपलब्धी होगा। लारा इस दौड में एक बार आगे निकल सकता है परन्तु लंबे समय तक इस रिकार्ड को अपने नाम रखना उसके लिए शायद संभव नहीं होगा।
     सर्वाधिक टेस्ट शतको की होड रोमांचक दौर में पहुचं चुकी है। तीनो ही खिलाडी इस होड में आगे निकलने की पूरजोर कोशिश कर रहे है। तीनो बल्लेबाजो के लिए अलग अलग परिस्थितियां है और तीनो ही अपनी टीम के लिए महत्वपूर्ण है। इस रोमांचक होड के कारण कि्रकेट प्रेमियों को टेस्ट कि्रकेट की महानतम पारिया देखने को मिल रही है।

मनीष कुमार जोशी, सीताराम गेट के सामने, बीकानेर - ०१५१-२५४६३४२




Discuss this article on KhabarExpress Forum  

Comments to this Article

Be the first to comment on this Article

 Post Your Comments to this Article Posting Rules
Name*:
Comment*:
 
Practice Objective Question for GK
Top Story of The Day
Breaking News
Latest Articles
Artilces
Ready for competition exam - test yourself FREE
Education Special

All right reserved by Khabarexpress.com
Contact Us | Archives | Sitemap | Can't see Hindi ?
Special Edition: Lakshchandi Mahayagya, Camel Festival 2007, Vartmaan Sahitya, Bikaner Udyog Craft Mela
Our Network rajb2b.com | khabarexpress.com | uniqueidea.net | PelagianDictionary.com | hindinotes.com
Developed & Designed by Pelagian Softwares