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Vartmaan Sahitya ::February, 2007 Sponsered by : Decor Home, Bikaner चीन की जनपदीय लोक कविताएं अंग्रेजी से अनुवाद ः
सुमनिका सेठी
पालने का गीत (किरगिजष्., जिन्जियांग) अलादेई अलादेई मेरी मासूम जान अलादेई अलादेई मेरे प्यारे नन्हे बच्चे हमारे चूल्हे में नहीं है आग हमारी पतीली में नहीं दाना कोई हमारा यूर्त इतना पुराना और जर्जर रोक नहीं पाता हवा और बारिश तुम्हारा बाप सारा साल रेबड के साथ घूमता है पर्वतों के बीच गहरे अमीरों के वास्ते तुम्हारी मां मालिक के लिए कातती है चरखा बुनती है कपडा और अपने लिए एक भी नहीं ऐसी पोशाक जो सर्दी को रोके अलादेई अलादेई चुपचाप सो जाओ नटखट न बनो बुरे वक्तों में जन्मे हो तुम जैसे मासूम हिरनौटा शिकारी के जाल में आ फंसा हो चुपचाप सो जाओ, रोओ मत तुम्हारी मां के हाथ थक गए हैं तुम्हें झुलाते हुए और तुम्हें खिलाने के लिए अब कुछ भी नहीं है अलादेई अलादेई जल्दी सो जाओ तंग न करो बाहर खडा है अमीरजषदा मुझे कोसता हुआ ऐसा नहीं कि मां तुम्हें छोड चाहती है जाना पलटियां खाते ऊंट बचुआ चुपचाप सो जा फिकर न कर मां अब जाएगी मालिक के लिए बालन बटोरने फिर लौटेगी तुम्हारे पास देकर कुछ वक्त इन छातियों को कि जमा हो इनमें कुछ दूध तुम्हारे लिए अलादेई अलादेई एक पुराना यी लोकगीत आज की हमारी इस दुनिया में कितने हैं चोर उचक्के जो कुछ भी देखें वे कीमती झपटते हैं उस पर छीन लेते हैं मुझसे नहीं चुरा सकते केवल मेरी जष्ुबान इससे गाता हूं आज भी अपने पहाडी गान जब निकल आता है चांद जब निकल आता है चांद चमकाता है सोने-सा लगता है चांद उसकी रोशनी का ले सहारा निकलता हूं खोजने अपना प्यार पर टिकता कहां है चांद जा छिपता है बादल के पीछे मैं खो बैठता हूं रास्ता और जा गिरता हूं दलदल में बसंत में हम खुलते हुए फूलों को गाते हैं (मियाओ लोकगीत) हम किशोर किशोरियां गाते हैं हर बसंत ग्रीष्म पतझड और सर्दी में बसंत में हम खुलते फूलों को गाते हैं गर्मी में बढते हुए दानों को पतझड में कटती फसलों को गाते हैं और जब नमक, चावल और ईंधन जुटा लेने को गाते हैं उसका इंतजार बांस उगता है कितना चटख और हरा खाते हुए सुनता हूं आवाज तुम्हारे गीत की कटोरे और सिलाइयों को खिसकाता हूं परे अधीर हो जाता हूं खोज में तुम्हारी नहीं देखा उसे तीन दिन से जिससे करता हूं प्यार तीन दिन जो लगे तीन सालों से लेकिन आज फिर देखा मैंने उसे और अब हम फिर होंगे साथ-साथ और बतियाएंगे वो सब जो रमा है हमारे दिलों में। २/बी-८०२, जी ई लिंक्स, राम मन्दिर रोड, गोरेगांव (पं.) मुबई-४००१४०
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