Sunday, 08 December 2019
khabarexpress:Local to Global NEWS
  2436 view   Add Comment

डूंगरपुर में विकास और राहत का पैगाम दे रही है ग्रामीण रोजगार गारंटी योजना

जिले में ८८ हजार १७७ परिवारों के सौ दिन पूरे, १७० लाख मानव दिवस हुए सृजित, जिले में अब तक १३९ करोड रूपया व्यय हुआ

डूंगरपुर ७ सितम्बर/ राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी अधिनियम के तहत संचालित राजस्थान ग्रामीण रोजगार गारंटी योजना के तहत जनजाति बहुल राज्य के दक्षिणांचल डूंगरपुर जिले में इस वित्तीय वर्ष में अब तक ८८ हजार १७७ परिवारों को एक सौ दिनों का आश्वासित रोजगार उपलब्ध करवा कर राहत प्रदान की गई है। योजना के तहत अब तक आवंटित राशि में से ९५ प्रतिशत से अधिक राशि व्यय कर अधिकाधिक ग्रामीण परिवारों को संबल प्रदान किया गया है।
 जिला कलेक्टर एवं ग्रामीण रोजगार गारंटी योजना के जिला समन्वयक नीरज के.पवन ने बताया कि  योजना के तहत जिले के ग्रामीण क्षेत्रों में पंजीकृत  कुल २ लाख ४७ हजार ८२० परिवारों में से २ लाख ५ हजार ४५६ परिवारों द्वारा प्रपत्र ६ में आवेदन किया है जिसको प्रशासन द्वारा पूरी पारदर्शिता और संवेदनशीलता के साथ रोजगार उपलब्ध करवाया गया है। योजना में अब तक १७० लाख मानव दिवसों का सृजन किया गया है । इन परिवारों में से ८८ हजार १७७ परिवारों ने वित्तीय वर्ष में निर्धारित १०० दिनों का रोजगार प्राप्त किया है और सरकार की इस महत्त्वाकांक्षी योजना का लाभ उठाया है।
 योजना के तहत जिले को १४४७१.७४ लाख रूपया आवंटित किया गया था जिसमें  अब तक १३९५०.९१ लाख रूपया व्यय किया जा चुका है।  जिले में अब तक  योजना में एक हजार ७६५ कार्य पूर्ण हो चुके हैं और २ हजार ५६८ कार्य जारी है। इन कार्यों के सुचारू संपादन के लिए जिले में स्वीकृत कुल २९५ पदों में से २८४ पदों पर विभिन्न संवर्गों के  अधिकारी कर्मचारी पदस्थापित हैं।    
मजदूरी मिली ५१ से ७३ रूपयों तक
 ग्रामीण रोजगार गारंटी योजना के तहत चल रहे विभिन्न कार्यों पर श्रमिकों को उनके किए गए कार्य के अनुपात में मजदूरी का भुगतान किया जा रहा है। इसमें पंजीकृत परिवारों को जिले में न्यूनतम ५१ तथा अधिकतम ७३ रूपये का भुगतान किया गया है।
प्रभावी मॉनिटरिंग
 योजना के सफल क्रियान्वयन के लिए जिला प्रशासन द्वारा प्रभावी मॉनिटरिंग की जा रही है। इसके तहत ग्राम पंचायत से लेकर जिला स्तर तक मॉनिटरिंग की जा रही है और योजना का पारदर्शितापूर्ण संचालन किया जा रहा है। ग्राम पंचायत स्तर पर इसके लिए जहां ग्राम स्तरीय सतर्कता समिति गठित की है वहीं जिला स्तर पर जिला स्तरीय मॉनिटरिंग अधिकारी (डीएलएम) लगाए हैं जो सतत पर्यवेक्षण कर रहे हैं और योजना का सफल क्रियान्वयन सुनिश्चित कर रहे हैं।
केशवबाडी योजना में भी रही है उल्लेखनीय उपलब्धियां
 जिला कलेक्टर नीरज के पवन ने बताया कि ग्रामीण रोजगार गारंटी योजना के तहत चल रही केशवबाडी योजना में भी जिले में जोर शोर से कार्य करवाया जाकर ग्रामीणजनों को लाभान्वित किया जा रहा है। योजना में अनुसूचित जाति, जनजाति और बीपीएल वर्ग के व्यक्तिगत लाभार्थियों के लिए योजना में अब तक २३७ कार्यों  की प्रशासनिक स्वीकृति जारी की गई है।  इसमें से १५५ कार्यों के लिए ३२५७.४४६ लाख रूपयों की वित्तीय स्वीकृति जारी करते हुए ९३ कार्यों को प्रारंभ भी किया जा चुका है। योजना के तहत सिंचाई सुविधा संवर्धन के लिए विभिन्न प्रकृति के कार्यों को स्वीकृत किया गया है। योजना में दो नर्सरियों में ९० हजार पौधे उगाए गए है और अब तक योजना के ११८१ लाभार्थियों को २७ हजार से अधिक पौधे वितरित किए जा चुके हैं।

Share this news

Post your comment