Tuesday, 24 October 2017

अनशन का दूसरा दिन

सकारात्मक कार्यवाही नहीं हुई तो ये बैंककर्मी पुन:धरने पर

बीकानेर। बकाया वेतन दिलाने तथा  अन्य विभाग में समायोजन की आस लगाये बैठे बीकानेर अरबन कॉ ऑपरेटिव कर्मचारियों का अनशन लगातार दूसरे दिन भी जारी रहा। गुरूवार को दो अनशनकारियों राजकुमार ओझा व ईश्वरमल नाई की तबीयत बिगडऩे पर उन्हें डॉक्टरी जांच के बाद पीबीएम में भर्ती करवाया गया है। वही   अशोक शर्मा, आशाराम पुरोहित,जयश्ंाकर आचार्य अब भी अनशन पर बैठे है। 1178 से दे रहे है धरना: अब संघर्ष के पर्याय बन चुके ये बैंककर्मी पिछले 1178 दिनों से आन्दोलनरत है। पूर्व में इन्होंने 405 दिनों तक धरना देने के बाद सहकारिता मंत्री परसादीलाल मीणा ने बीकानेर आगमन के दौरान इस आश्वासन के साथ धरना समाप्त करने को कहा कि आपको अन्य किसी विभागों में समायोजित कर दिया जायेगा। एक लंबे इंतजार के बाद जब सरकार की सकारात्मक कार्यवाही नहीं हुई तो ये बैंककर्मी पुन:धरने पर बैठे गये और बुधवार को धरने के 772 वें दिन सारी आशाओं को छोडक़र आमरण अनशन करने को मजबूर हुये।  जनप्रतिनिधयों ने दिया तो महज आश्वासन: इन बैंककर्मियों के आन्दोलन व धरने के दौरान पक्ष व विपक्ष के लगभग सभी जनप्रतिनिधी आये और बीकानेर आवास के दौरान सभी जनप्रतिनिधियों,मंत्रियों व अधिकारियों से आन्दोलनकारी बैंककर्मी मिले। लेकिन सभी ने इन्हे आश्वासन के सिवाय कुछ नहीं दिया। इन बैंककर्मियों का आरोप है कि कहने को जनप्रतिनिधि अपने आप को जनता का सेवक कहती है परन्तु वास्तव में ऐसा नहीं है। 

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